अंडमान निकोबार द्वीप समूह: भारत का वो रहस्यमयी स्वर्ग जहाँ प्रकृति आज भी ज़िंदा है
नीले समंदर, सफेद रेत और शांति से भरा अंडमान और निकोबार द्वीप समूह – भारत का असली स्वर्ग
कभी-कभी ज़िंदगी की भागदौड़ में मन करता है कि सब कुछ छोड़कर ऐसी जगह चला जाऊ, जहाँ मेरी आंख सुबह अलार्म की आवाज़ से नहीं, बल्कि लहरों की सरसराहट से खुले, जहाँ हवा में प्रदूषण नहीं, बल्कि नमकीन सा सुकून घुला हो जी हाँ अगर आपके मन में भी कभी ऐसा ख्याल आया है,
तो यकीन मानिए — अंडमान और निकोबार द्वीप समूह से बेहतर और खूबसूरत जगह कोई और नहीं जहा तक नजर जाती हैं बस समंदर ही समंदर हैं।
यह सिर्फ़ एक ट्रैवल डेस्टिनेशन नहीं, बल्कि एक ऐसा अनुभव है जिसे शब्दों में समझाना मुश्किल और महसूस करना ज़रूरी है यहाँ का हर एक लहरों का शोर बहोत सुकून देता है
अंडमान और निकोबार कहाँ स्थित है?
अंडमान और निकोबार द्वीप समूह भारत का एक केंद्र शासित प्रदेश है, जो बंगाल की खाड़ी में स्थित है बात जी हाँ यह भारत की मुख्य भूमि से लगभग 1,200 KM किलोमीटर दूर है
इस द्वीप समूह में करीब 572 छोटे-बड़े द्वीप शामिल हैं, लेकिन इनमें से केवल कुछ ही द्वीप पर्यटकों के लिए खुले हैं जैसे इसकी राजधानी: पोर्ट ब्लेयर हैं जिसमे कुल जिले: 3 हैं यहाँ की स्थानीय भाषा हिंदी, अंग्रेज़ी हैं यहाँ की जो करेंसी हैं वो भारतीय रुपया (₹) हैं
अंडमान इतना अलग क्यों है?
जब आप अंडमान पहुँचते हैं, तो सबसे पहले जो चीज़ महसूस होती है वो है — शांति यहाँ कोई भी ऊँची-ऊँची इमारतें नहीं, कोई ज़रूरत से ज़्यादा हॉर्न नहीं, और न ही भागती ज़िंदगी सब कुछ बस नेचर के साथ जुड़ा हुआ हैं
यहाँ सब कुछ धीरे चलता है, जैसे प्रकृति आपको सिखा रही हो कि ज़िंदगी दौड़ नहीं, सफ़र है।
अंडमान के कई प्रसिद्ध पर्यटन स्थल हैं जैसे
सेल्युलर जेल – आज़ादी की सिसकती यादें
सेल्युलर जेल सिर्फ़ एक पुरानी इमारत नहीं है, यह भारत के स्वतंत्रता संग्राम का मौन गवाह है यहाँ कभी वीर सावरकर जैसे क्रांतिकारियों को कैद रखा गया था आज जब आप उन तंग कोठरियों में खड़े होते हैं, तो रोंगटे अपने आप खड़े हो जाते हैं।
लाइट एंड साउंड शो इस इतिहास को दिल तक पहुँचा देता है लेकिन अब तो कई पर्यटन स्थल हैं पार्क, म्युसियम और भी बहोत कुछ-
हैवलॉक आइलैंड – जिसे अंडमान की जान भी कहते हैं
हैवलॉक आइलैंड जिसे स्वराज द्वीप भी कहते है अंडमान का सबसे मशहूर और खूबसूरत द्वीप है यहाँ का राधानगर बीच दुनिया के सबसे सुंदर बीचों में गिना जाता है सफेद रेत, नीला पानी और शांत माहौल — यह जगह हर उम्र के इंसान को अपनी ओर खींच लेती है यहाँ की यदि ही कुछ ऐसी हैं जो कमेरो में कद होने के बाद भी एक खूबसूरत लम्हा बन जाती हैं –

नील आइलैंड – जहाँ सुकून ठहर सा जाता है
नील आइलैंड ( शहीद द्वीप )उन लोगों के लिए है जो भीड़ से दूर रहना चाहते हैं।
यहाँ की सुबह, यहाँ की शाम, सब कुछ इतना शांत है कि आप खुद से मिलने लगते हैं।
यह जगह फोटोग्राफी और कपल्स के लिए खास मानी जाती है।
रॉस आइलैंड – खंडहरों में बसी कहानी
कभी यह द्वीप अंग्रेज़ों का प्रशासनिक केंद्र था,आज यह एक रहस्यमयी खंडहर बन चुका है पुरानी इमारतें, पेड़ों में लिपटी दीवारें और चारों तरफ़ फैली खामोशी — सब मिलकर एक अलग ही एहसास देते हैं।
अंडमान में करने लायक़ चीज़ें (Activities)
अंडमान सिर्फ़ देखने की जगह नहीं, यह महसूस करने की जगह है अगर आपको एडवेंचर पसंद है तो आप कई एक्टिविटीज कर सकते हैं जैसे – स्कूबा डाइविंग, स्नॉर्कलिंग, सी वॉक, कयाकिंग, जेट स्की और भी बहोत कुछ
खास बात यह है कि – बिना तैरना आए भी स्कूबा डाइविंग की जा सकती है,
क्योंकि प्रशिक्षक हर कदम पर साथ रहते हैं।
अंडमान की अंडरवॉटर दुनिया
अंडमान की समुद्री दुनिया किसी जादुई दुनिया से कम नहीं हैं जी हाँ जब आप नीचे जाते हैं : रंग-बिरंगे कोरल देखने को मिलते हैं जहा एक अलग ही दुनिया होती हैं यहाँ सैकड़ों प्रजाति की मछलियाँ और समुद्री कछुए भी मिल जाते हैं कभी-कभी डॉल्फ़िन भी दिख जाती हैं
इसी वजह से अंडमान को भारत का स्कूबा डाइविंग हब कहा जाता है।
जनजातियाँ और प्रकृति का संतुलन
अंडमान की सबसे खास बात है कि यहाँ आज भी कुछ प्राचीन जनजातियाँ रहती हैं, जैसे:
जारवा, ओंगे, सेंटिनलीज़ इन जनजातियों से संपर्क करना सख़्त मना है, ताकि उनकी जीवनशैली और संस्कृति सुरक्षित रह सके यह दिखाता है कि अंडमान आधुनिकता और परंपरा का संतुलन बनाए हुए है।
अंडमान का खाना – सादा लेकिन लाजवाब
अंडमान का खाना समुद्र की तरह ताज़ा होता है यहाँ आपको मिलेगा: फिश करी, प्रॉन फ्राई, नारियल आधारित डिशेज़ साउथ इंडियन और बंगाली फ्लेवर अगर आप सीफूड पसंद करते हैं, तो यह जगह आपके लिए किसी जन्नत से कम नहीं।
अब बात करे अंडमान कैसे पहुँचे?
हवाई मार्ग : – दिल्ली, चेन्नई और कोलकाता से पोर्ट ब्लेयर के लिए सीधी फ्लाइट उपलब्ध है।
समुद्री मार्ग :- चेन्नई और कोलकाता से शिप भी जाती हैं,
लेकिन इसमें ज़्यादा समय लगता है।
यहाँ घूमने का सही समय हैं –
अक्टूबर से मई – सबसे अच्छा समय हैं लेकिन जून से सितंबर – भारी बारिश और सीमित एक्टिविटीज़
अंडमान घूमने का खर्च :-औसतन 5–6 दिन की ट्रिप में:
बजट ट्रैवल: ₹20,000 – ₹30,000
मिड रेंज: ₹35,000 – ₹50,000
लक्ज़री ट्रिप: ₹60,000+
Note :- खर्च आपकी प्लानिंग पर निर्भर करता है।
क्या अंडमान आपके लिए सही जगह है?
अगर आप चाहते हैं: भीड़ से दूर शांति, प्रकृति के करीब समय, एडवेंचर + रिलैक्सेशन, यादगार अनुभव तो अंडमान आपके लिए बिल्कुल सही है।
निष्कर्ष (Conclusion)
अंडमान और निकोबार सिर्फ़ घूमने की जगह नहीं, बल्कि एक ऐसा एहसास है जो इंसान को अंदर से बदल देता है यहाँ से लौटने के बाद आपके पास तस्वीरें होंगी, लेकिन उससे ज़्यादा होगा सुकून और यादों का खज़ाना अगर आप ज़िंदगी में एक बार खुद को खोकर फिर से पाना चाहते हैं, तो अंडमान जरूर जाइए।